प्रेम
Love
Love
- अपने अहंकार को खत्म करके प्रेम भाव से घर - गृह्स्ती में रहना चाहिए ! गृहस्त में हर पति - पत्नी को अपने अन्दर के अहम भावों को ,अपनी जिद्द को आगे नहीं आने देना चाहिए !प्रेम की शक्ति से बडा कोइ बल नहीं हे और प्रेम की कोइ कीमत नहीं ! जिन के अन्दर प्रेम है ऊन्हें खरीदा नहीं जा सकता 1प्रेम में शिकायत नहीं ,प्रेम मिट जायेगा तो विकास रुक जायेगा !घर में अशान्ति हो तो शरीर का विकास रुक जायेगा इसलिए परिवार के सदस्यों में आपस में बहुत प्रेम होना चाहिए !